Best 40+ Badalte Log Shayari in Hindi | रंग बदलते लोग शायरी हिंदी में

Badalte Log Shayari in Hindi

इस दुनिया में हर कोई अपने स्वार्थ के लिए कुछ भी कर सकता है, आजकल के लोग अपने स्वार्थ के लिए ये कभी भी किसी को धोखा दे सकते हैं और कभी भी बदल जाते हैं.
इस कारण के लिए हुम्म्ने इस शायरी वेबसाइट में आपके लिए 40+ बदलते लोग शायरी हिंदी में लाये हैं. अपने रिश्तेदार हो या अच्छे अच्छे दोस्त हो वह अपने काम के वक़्त हमको याद करते हैं और जब हमारा काम उनसे होता है.
तो वह लोग मिनटों में रंग बदला देते हैं इसलिए इस पोस्ट ने बहत सारे बदलते लोग शायरी लिखे हे.
आप हमारा इस बदलते लोग शायरी, रंग बदलते लोग शायरी, Log Badalte hai Shayari को अपने WhatsApp या Facebook में मैं शेयर कर सकते हैं.

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बदलते लोग शायरी

आगे से ठंडी हवा दी
पीछे से कड़ी धूप थी
न जाने कही पीछे मोड़ दिया
और कड़ी धुप से में टकरा गया

सोचा था तुम हमदर्द हो मेरे
पर पीछे से ऐसी बात की
बन गयी तुम बेदर्द मेरे लिए

लेनी थी तो जान ले जाती
ये दिल तोड़के चली गयी
मेरी जान एसि बदल गयी की
मेरे सकल तक ही भूल गयी

तुम जैसी लाखों मिलेंगे हमे
पर एक ही ख्याहिश है
तुम जैसे बदल कर छोड़ दिए
और किसीने कभी तेरी जिंदगी न बदल दे

लोग है ही ऐसे
तुम उनके ज़रुरत मई
काम आये तो रोज़ मिलते
और उनकी ज़रुरत पूरी होने से
तुमको पहचान भी नहीं पाते
पूरी तरह से बदल ही जाते

Badalte Log Shayari in Hindi

Badalte Log Shayari in Hindi

कोनसी ख्वाहिस थी जो पूरी नहीं की
हमसे कुछ गलती हो गयीहोगी
गलती तो तुमको समझने मे हुई
तुम जैसी बदलते हुए लोग को तो
जिंदगी मे कभी  घुष्ने नही देती

ये ज़माने के बारे मे सोचते ही डर लगता है
लोक ऐसे बदल जाते है की
उनसे मिलने के पहले से ही कलेजा तर जाती है

कास मैं भी तुम्हारी तरह हो पता
तुम जैसी हमारे दिल तोड़ के बदल गए
मई भी खाश ऐसे कर पता
क्युकी कितना दर्द होता है
लोक बदलने से तुमको पता चलता

भगवान् करे ऐसा किसी के साथ न हो
क्युकी हम तो सहेलेंगे
नही तो भरोषा दिल के बदल गए तो
कुछ लोग जान भी गवाडेंगे

चाहे ये दुनिया मुझसे दूर क्यों न हो जाए
तुमसे मै कभी नही मिलूँगा
तुम जैसी बदलते हुए लोगो का न
कभी चेहरा तक भी नहीं देखूंगा

तुम चाहे हमसे औक़ात मैं बड़ी हो
पर इंसान तो हो न
तुम चाहे बदल के असमान मे जितना भी ऊधो
पैर ज़मीन मे एक दिन उतरगे न

हम कुछ गुना किए थे क्या
जो इस तरह बदल गए
तुम हमारे गुण तो बता देते
तुम्हारे बदलने से पहले हम बदल जाते

कोई परवा नही तुम बदल के हमसे दूर हो गए
एक ही बात सोचते है
जिस इंसान को खोने के बाद मै रोया हूँ
एक दिन उसको पाने क लिए रोये थे

Badalte Log Shayari in Hindi

Rang Badalte log Shayari in Hindi

तुम बदल क दूर होने से
हम क्या मर जाएंगे?
बहत है इस दुनिया मै तुम्हारे जैसे
और किसी के साथ ही हम रिश्ते जुड़ लेंगे

कुछ लोग ऐसे ही बदलते है
प्यार तो हमसे ही करते
पर किसी और को चाहते

कुछ मत सोचो उस बेवाफ़ाई के बारे में
ऐसे आई थी  कि जैसे कभी जाएगी नही
और ऐसे चली गयी की जैसी कभी आयेही नही

ऐसे कोई समस्या नहीं है
जिनका हल नही निकलता
और बदले हुए लोग का चेहरा
कोई भी पहचान नहीं सकता

बदल गए हम उस बेवफा से प्यार करके
क्यों की सुरुवात तो उसने की थी
लेकिन ख़तम हम कर गए

बदलता हुआ लोग सिर्फ एक ही बार धोखा दे सकता है
दूसरी बार नहीं
जब उसको धोखा मिलना शुरू हो जाता है न
बार बार मिलता है
एक ही बार नहीं

हम तुमसे इसलिए प्यार करते थे
की तुम हमारे दिल मे थे
तुम तो बदल गए थे
अब दूसरी बार  ए तो कैसे हम मिले

सुनते वक़्त के साथ ही इंसान बदलता है
आज वो सच हो गया
जिस इंसान के साथ बचपन मैं खेला करता था
वो आज हमे पहचान नही पाया

Badalte Log Shayari in Hindi

रंग बदलते लोग शायरी

कभी कभी डर लगता था की
तुमको कही न खो दूँ
अभी ये डर लगता है की
तुमसे कही मिलजाउ

कसूर नहीं था तुमको प्यार करने का
कसूर तुम्हारा था हमे भूल जाने का

तुम बदल के हमे छोड़ गए
अभी क्या सोचके बापस ए
हम क्या नहीं बदलेंगे
हम भी कभी कभी बदलेंगे
तुम्हारी ये मासूम सी चहरे को भूल के

व करता हूँ तुम्हारी कलाकारी का
हमको उपाय ऐसे की
जैसे दौलत थी तुम्हारी बाप की

काश वो पल कभी न आये
जिस पल मैं नफरत हुआ था
तुम्हारे चहरे को देखने क लिए
अब तो पल बदला इंसान भी बदलेगा
अब्ब नही मरते तुम्हारे प्यार के लिए

अब तुम्हारी कमी हुमको महसूस नहीं होगी
क्यों की अब हम बदल गए हो
तुम्हारी तरह कोई और हमको चाहने लगी है

जिंदगी की भीड़ मई
कितने लोग आये है और कितने गए है
तुम कोई नयी नहीं हो जो इसतरहा बदल गए
तुम्हारे जैसे बघात लोगो के साथ
हम ऐसे लुका छुपी खेल चुके है

बदला हुआ वक़्त है बदला हुआ इंसान है
फिर पछतावा किस बात का
सोच मे भी बदलाव आना ज़रूरी है
अब तो जिंदगी मे सुधार की कमी है

Badalte Log Shayari in Hindi

बदलते लोगों पर शायरी

महसूस करने की बात है
जब लोग बदल जाते है
क्युकी काले बादल अंदर चाँद कभी नज़र नहीं आता

दर्द तब लगता है जब कोई अपना दूर होता है
लोग तो बदलते रहते है
लेकिन अपना बदल गए तो जान जाने लगती है

सिर्फ चार दिन की जिंदगी है ये
इस चार दिन मै कैसा बदलावो है ये
कितने यार अपने आप आते है
और कितने को बुलाये मगर चले जाते है
सिर्फ चार दिन की जिंदगी है ये

हमदर्द आते है साँस की तरह
जो जिंदगी मै हमेशा के लिए रहते
और कुछ एते है बारिश की तरह
बर्शते है खुसिया ये जिंदगी मई
पैर इतना दर्द देके जाते की
पनि कमी नहि होते आँखों से

हमको पता नहीं था ये इंसान ऐसे बदल जाएगा
पर भगवान् से दुआ करते है की
जिस खुशी के लिए वो हमसे दूर हुए
वो खुशी उनसे कभी न छिनले
क्यों की हमारे भरोषा जैसे
नहीं तोड़े भरोषा और किसी का

खुशिया  हमको इतना दे दी की
हर पल तुम्हारी यादें आयी
पर ये मासूम सी चहरे पीछे
इतना घमंड थी की
तुमको याद करना ही स्राप हो गयी

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